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Showing posts from December, 2010

nav warsh mangalmya ho ! ! ! !

प्रिय पाठक मित्रो ,प्यार भरा नमस्कार  ! आप सब को नया साल मुबारक हो  ! कष्ट अगर नहीं हो तो खुशियों का आनंद नहीं आता ! इसलिए मेरी परमात्मा से विनती है कि कष्ट हमें उतने ही देना जितना हम सह सकें खुशियाँ हमें इतनी देना जितनी हम सब में बाँट सके  !! हम सब आशावादी बने ,यही मेरी कामना है !कोई भूखा पेट नहीं सोये !                                 फिर मिलेंगे                                                                                 धन्यवाद् !  पीताम्बर दत्त शर्मा

happy new year !!!! ! ! ! aasha par sansaar tika hai ------------! ! !!!

wah ! ! ! uma ji wah ----------------------

एक कहावत है कि ईमानदारी पर धरती टिकी है ! इस कहावत को उमा भारती जी ने सही साबित कर दिया है !आज वे मान गई कि बी .जे .पी .में भी भ्रष्टाचार है !या यूँ कहें कि कहा आज है जानती तो पहले से थी ! फिर भी कहना होगा वाह उमा जी वाह ! ! ! शरीफ आदमी जाए तो जाए कहाँ ? ? ? मंदिर से लेकर राजनीती तक पापी ही पापी भरे पड़े हैं ! गुरु गोबिंद सिंह जी ने कहा था कि सवा लाख से एक लडाऊं तभी गोबिंद सिंह नाम कहाऊं ! लेकिन आज सिंह यानी शेर हैं कहाँ ? ? ?  आदमी तो दोगला और थाली का बैंगन हो गया है !कोई लाखों में एक शेर और शरीफ होता भी है तो नक्कार खाने में तूती की आवाज साबित होता है परमात्मा ने जब से इन्सान नामक जीव बनाया है तब से स्वयं भगवान को कितने ही अवतार लेने पड़े हैं और नजाने कितनी बार महापुरश बन कर प्रवचन दिए हैं परन्तु आदमी है की सुधरता ही नहीं ! ! ! !  बाबा राम देव जी भी सत्य की अलख जगाये बेठे हैं लेकिन पतानहीं जनता उनको कितना समर्थन देती है और कितने शरीफ लोग उनके साथ जुड़ पाते हैं ! आगे आगे देखिये होता है क्या ? ? ?  हे रा ---------------------------म  -------------नमस्ते ! ! ! जी

IS KALYUG MAIN FANSI SE BARHI SAJA KYAA??????????????????????

पाठक मित्रो ,कलयुग में विश्व के जयादातर देशों में फांसी को ही सबसे सख्त सजा समझा जाता है ! वंही कई देश इसे अमानवीय कदम बताते हैं !उनका मानना है कि हम अगर इन्सान को जिन्दा नहीं कर सकते तो मारने का भी हक़ हमें नहीं है ! भारत कि मौजूदा सरकार ने तो पद से त्यागपत्र देने को ही सबसे सख्त सजा मान लिया है !तभी तो जितने भी कांग्रेस पार्टी के लोगों ने घपले किये उनको त्यागपत्र दिला दिया ! सी .बी .आई . से छापे डलवा दिए , एक दो महीने अन्दर कर दिया ! ज्यादा हुआ तो दस पंद्रह साल केस चला दिया ------ लेकिन सजा किसी को नहीं हुई ! है न मानवीय अधिकारों कि रक्षक मनमोहन सरकार ??????????   मिडिया भी सुखराम ,कप्तान सतीश शर्मा ,आदि आदि को भूल जाता है , जनता तो है ही भूलने के लिए ,और करे भी क्या ? न्यूज चेनल वाले इतने ऊटपटांग प्रोग्राम दिखाते रहते हैं एक स्केंडल अप टू डेट कार्यक्रम बनाकर नहीं दिखा सकते  ??? चाइना में एक भ्रष्टाचारी की ही नहीं उसके सारे रिश्तेदारों की     संपत्ति जब्त करली और उसे सारी उम्र की कैद दे दी !---फ़ौरन निर्णय !!!!!   -------------------             बी .जे .पी.के राष्ट्रीय अध्यक्ष कहते ह…

fansi se barhi saja is desh main kya hai ???????????????????????????????

पाठक मित्रो , नमस्कार ! कलयुग में विष्व

sonia ji aakhir bol parrin------------------manmohan mast--------!!!!!!!!!!!!!!!!!!!!!! ?????????????????

लो जी सोनिया जी बोल पढ़ीं --जे.पी.सी .मंजूर नहीं .पहले ही बी .जे .पी .वाले घोटाले करने के सारे गुण सीख गए हैं ! भ्रष्ट मुख्यमंत्रियों को कैसे बचाया जाता है यह भी जान गए !चंदा कैसे लिया जाता है यह भी सीख लिया !!!!!!! अब अगर सब कुछ सीख गए तो आप कि पार्टी विद डिफरेंस वाली नहीं रह जाएगी ! अटल जी के  स्टाइल में --- यह अछी बात नहीं है !                                     मनमोहन जी को क्या संसद नहीं चली तो ? विपक्ष ढीठ है !उसे देश कि चिंता नहीं है !धन देश का ख़राब हुआ मुझे क्या ? सोनिया जी हैं ना !!! अपुन तो भार मुक्त हैं ! बुद्धिजीवी ,अखबार वाले ,ओउर टीवी वाले शोर मचाते थक जायेंगे !------बोलो जय श्री राम !!!!!!!!!  नमस्ते !!!!!!!!!!!

itani shakti mujhe dena data................!

अभिनन्दन के पश्चात् परमात्मा से वरदान मांगना चाहता हूँ कि मुझे इतनी शक्ति देदो कि जब भी मैं कहूं एक भ्रष्टाचारी मर जाए तो सच हो जाए ! इस देश के संविधान से तो कोई भ्रष्टाचारी सजा प् नहीं सका है !कभी तो इस देश में प्याज के दाम पर सरकार चली जाती है आज सब चीजों के दाम बढ़ गए कुछ भी नहीं हो रहा !इतने घोटाले सामने आ रहे है मंत्रिओं को पद चला गया है !प्रधानमंत्री व सोनिया जी मस्त हैं जनता कई समस्याओं से ग्रस्त है !मन में आता है कि सभी दोषिओं को एक मिनट में दंड सुनादू  किसी फ़िल्मी हीरो की तरह !परन्तु मैं संविधान तोढ़ नहीं सकता ! प्रधान मंत्री ,राष्ट्रपति बन नहीं सकता ! न्यायाधीश भी बेबस    हैं !                                                                          लोकतंत्र में जनता ही सबकुछ है वही क्रांति ला सकती है !जागो जनता जागो ............................................. नहीं जाग रही अब क्या करूँ ! आप ही बतायिए !