आपकी नज़रों ने समझा , देशभक्त इन्हें !!- पीताम्बर दत्त शर्मा (लेखक-विश्लेषक) मो.न. - +91-9414657511

  मित्रो!कहते हैं इंसान की आँखें इतनी समझदार होती हैं कि देखने मात्र से सामने वाले इंसान का एक्सरे कर देती हैं ! मनुष्य को एहसास करा देती हैं की जो आदमी हमारे सामने खड़ा है वो "किस" प्रकार का है ? उसके बाद में हमें उसकी बोली से और विविध तरह का ज्ञान प्राप्त होता है !तब हम अपने दिमाग में ये निश्चय कर पाते हैं की हमें सामने वाले पर कितना विश्वास करना है और कितनी उसकी आव-भगत करनी है ?आदि-आदि !!
                       हमारे मुल्क में मुसलमान हमलावर आ गए तो हमने उन पर भी विश्वास कर लिया तो वो हमारे ऊपर सेंक्डों साल शासन कर गए ! जब वो हमारे धन-बल पर "ऐय्याश"बन गए तो अंग्रेजों ने हमारे देश में व्यापार करने के बहाने से कदम रख्खा तो हमने उन पर भी विश्वास कर लिया ! इसीका फायदा उठाकर उन्होंने भी सौ साल तक हमारे ऊपर राज किया !लेकिन जाते-जाते वो ऐसे लोगों को भारत की सत्ता सौंप गए जो उन्ही की तरह से "कलाकार" थे !यानी जनता को बहलाने की कला के कलाकार !
                          हमने उनपर भी विश्वास किया ! तो उन्होंने भी हमारे ऊपर 57 वर्षों तलक शासन किया और हमें मुर्ख बनाया !हालांकि हम मुगलों,अंग्रेजों और इन काले अंग्रेजों के खिलाफ लड़े भी लेकिन हम उनकी रंग-बिरंगी चालों से हार गए !जिन लोगों को उन्होंने अपने "प्यार के काबिल" मान लिया केवल वो लोग ही अपने जन्म को "धन्य"बना पाये , वरना बाकी सब ज़िंदगी भर भटकते ही रह गए !जो थोड़ा बहुत दूसरी विचार धारा के लोग भारत पर शासन कर पाये ,वो सब इनसे डरते-डरते ही बस समय ही निकाल पाये , कुछ करके दिखा नहीं पाये !
                क्योंकि देश में चलने वाला संविधान कहने को तो आंबेडकर साहिब ने बनाया है लेकिन वास्तव में उसमे इतने लूपोल  छोड़ दिए गए कि राजनितिक दलों ने अपनी मनमर्ज़ी ही चलायी क़ानून सिर्फ गरीबों के लिए ही रह गया !उसके बाद भी समयसमय पर जो संशोधन उसमे किये गए वो भी इनकी सुविधा को बढ़ने हेतु ही किये गए ! लेकिन साथ-साथ बड़ी चालाकी से ये कुछ ऐसे काम भी करते रहे जिससे जनता उहापोह की स्थिति में उलझी रहे !सारा सिस्टम भी इन चतुर नेताओं के इशारों पर च;लने को मजबूर हो गया !
                    पहली बार देश में कोई ऐसा व्यक्ति प्रधानमंत्री बना ही जो इस मायाजाल को तोडना चाहता है !लेकिन काले अंग्रेजों के "सिपाही"सब जगहों पर विराज़मान हैं !यहां तलक की भाजपा में भी !राजयसभा में तो अभी वो ही लोग बहुमत में हैं !इसलिए या तो तानाशाह बन कर एक साथ सब काम कर दिए जाएँ ! आज के लोकतांत्रिक तरीकों से तो इन  दोषों को बदलना 5 वर्षों में तो संभव नहीं है !हद तो ये है की भारत के कई प्रदेशों में तो काले अंग्रेज आज भी जीत जाते हैं !देश की जनता आज भी कितनी भोली है मित्रो !!भारत के कितने लोग अपने दिलों में काले अंग्रेजों को धन्यवाद ही देते फिरते हैं !और मन में सोचते रहते हैं कि "आपकी नज़रों ने समझा , प्यार के काबिल मुझे ! दिल की ऐ धड़कन ठहर जा , मिल गयी मंज़िल मुझे !इस देश का कुछ नहीं हो सकता !मित्रो !! बस " रब ही राखा है "जी !!जय हिन्द !  " आकर्षक - समाचार ,लुभावने समाचार " आप भी पढ़िए और मित्रों को भी पढ़ाइये .....!!!
BY :- " 5TH PILLAR CORRUPTION KILLER " THE BLOG .  प्रिय मित्रो , सादर नमस्कार !! आपका इतना प्रेम मुझे मिल रहा है , जिसका मैं शुक्रगुजार हूँ !! आप मेरे ब्लॉग, पेज़ , गूगल+ और फेसबुक पर विजिट करते हो , मेरे द्वारा पोस्ट की गयीं आकर्षक फोटो , मजाकिया लेकिन गंभीर विषयों पर कार्टून , सम-सामायिक विषयों पर लेखों आदि को देखते पढ़ते हो , जो मेरे और मेरे प्रिय मित्रों द्वारा लिखे-भेजे गये होते हैं !! उन पर आप अपने अनमोल कोमेंट्स भी देते हो !! मैं तो गदगद हो जाता हूँ !! आपका बहुत आभारी हूँ की आप मुझे इतना स्नेह प्रदान करते हैं !!नए मित्र सादर आमंत्रित हैं ! the link is - www.pitamberduttsharma.blogspot.com. , गूगल+,पेज़ और ग्रुप पर भी !!ज्यादा से ज्यादा संख्या में आप हमारे मित्र बने अपनी फ्रेंड रिक्वेस्ट भेज कर !! आपके जीवन में ढेर सारी खुशियाँ आयें इसी मनोकामना के साथ !! हमेशां जागरूक बने रहें !! बस आपका सहयोग इसी तरह बना रहे !!

मेरा मोबाईल नंबर ये है :- 09414657511. 01509-222768. धन्यवाद !!
आपका प्रिय मित्र ,
पीताम्बर दत्त शर्मा,
हेल्प-लाईन-बिग-बाज़ार,
R.C.P. रोड, सूरतगढ़ !
जिला-श्री गंगानगर।




Posted by PD SHARMA, 09414657511 (EX. . VICE PRESIDENT OF B. J. P. CHUNAV VISHLESHAN and SANKHYKI PRKOSHTH (RAJASTHAN )SOCIAL WORKER,Distt. Organiser of PUNJABI WELFARE

Comments

  1. आपकी इस प्रविष्टि् के लिंक की चर्चा कल शनिवार (13-02-2016) को "माँ सरस्वती-नैसर्गिक शृंगार" (चर्चा अंक-2251) पर भी होगी।
    --
    सूचना देने का उद्देश्य है कि यदि किसी रचनाकार की प्रविष्टि का लिंक किसी स्थान पर लगाया जाये तो उसकी सूचना देना व्यवस्थापक का नैतिक कर्तव्य होता है।
    --
    चर्चा मंच पर पूरी पोस्ट नहीं दी जाती है बल्कि आपकी पोस्ट का लिंक या लिंक के साथ पोस्ट का महत्वपूर्ण अंश दिया जाता है।
    जिससे कि पाठक उत्सुकता के साथ आपके ब्लॉग पर आपकी पूरी पोस्ट पढ़ने के लिए जाये।
    --
    बसन्त पंञ्चमी की हार्दिक शुभकामनाओं के साथ
    सादर...!
    डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री 'मयंक'

    ReplyDelete

Post a Comment

Popular posts from this blog

बुलंदशहर बलात्कार कांड को यह ‘मौन समर्थन’ क्यों! ??वरिष्ठ पत्रकार विकास मिश्रा - :साभार -सधन्यवाद !

आखिर ये राम-नाम है क्या ?..........!! ( DR. PUNIT AGRWAL )

भगवान के कल्कि अवतार से होगा कलयुग का अंत !!! ????